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अदाणी फाउंडेशन को गुजरात सरकार ने वन पंडित पुरस्कार से किया सम्मानित

 


अदाणी फाउंडेशन को गुजरात के मुंद्रा में वर्ष 2022-23 में 1,70,000 से अधिक पेड़ लगाने के लिए वन पंडित पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान संगठन को 8 अगस्त 2024 को देवभूमि द्वारका में आयोजित राज्य स्तरीय वन महोत्सव में प्रदान किया गया। गुजरात के मुख्यमंत्री श्री भूपेंद्र भाई पटेल ने पुरस्कार प्रदान किए और फाउंडेशन की ओर से पौधारोपण अभियान की देखरेख करने वाले वरिष्ठ परियोजना अधिकारी श्री कार्षणभाई गाधवी ने पुरस्कार प्राप्त किया।


इस उपलब्धि ने फाउंडेशन को देश में पेड़ लगाने वाले प्रमुख संगठनों में नंबर एक बना दिया है। अदाणी फाउंडेशन के लिए यह गर्व का क्षण है क्योंकि यह पुरस्कार संगठन की 28वीं वर्षगांठ के मौके पर मिला है। इस सम्मान से फाउंडेशन के वनीकरण कार्य को और बढ़ावा मिलेगा। इस वर्ष फाउंडेशन 57,000 से अधिक पेड़ लगा रहा है।


इस अवसर पर मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल ने कहा, "हममें से प्रत्येक व्यक्ति को अपनी माँ और पूर्वजों के नाम पर एक पेड़ लगाना चाहिए ताकि हमारी धरती हरी-भरी हो सके। गुजरात राज्य का लक्ष्य मार्च 2025 तक 17 करोड़ पेड़ लगाना है।"


फाउंडेशन ने कोविड-19 महामारी के दौरान 2020-21 में मुंद्रा के नाना काप्या गांव में पेड़ लगाने की शुरुआत की थी। एक छोटी सी ज़मीन पर घना जंगल बनाने के लिए ग्रामीणों को इस पहल में शामिल किया गया था। इस दौरान ज्यादातर औषधीय, लगभग 40 प्रजातियों के 6,000 से अधिक पेड़ ग्रामीणों, विशेष रूप से युवाओं द्वारा लगाए गए। इस अभियान में बुजुर्गों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया था।


साल 2022 में, मोती भुजपुर ग्राम पंचायत और विसरी माता सेवा ट्रस्ट ने मिलकर 25,000 से अधिक पेड़ लगाने के लिए एक विशाल वृक्षारोपण अभियान की योजना बनाई थी। इस परियोजना को सफल बनाने के लिए ग्रामीणों ने भूमि, बिजली और पानी उपलब्ध कराने  की व्यवस्था की थी। वहीं फाउंडेशन ने भूमि को साफ करने और वृक्षारोपण की सुविधा प्रदान करने में सहायता की थी।

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